Santoshi Mata Ki Aarti


हैलो फ्रेंड्स कैसे हो आप सब आज हम बात करेंगे माता संतोषी के विषय में संतोषी माता भगवान गणेश की पुत्री थीमाता संतोषी की पूजा करने से शांति एवं समृधिकी प्राप्ति होती है शुक्रवार के दिन संतोषी माता की पूजा करना अच्छा माना जाता है तो चलिए बढ़ते है संतोषी माता की आरती की ओर जिसमे संतोषी माता के महत्व का वर्णन है। संतोषी माता आरती इन हिंदी -

Santoshi Mata
Santoshi Mata Ki Aarti

सन्तोषी माता जी की आरती इन हिंदी

जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता
अपने सेवक जन की सुख सम्पति दाता,
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता

सुन्दर वीर सुनहरी माँ धारण कीन्हो।
हीरा पन्ना दमके, तन श्रृंगार लीन्हो।।
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता।।

गेरू लाल छटा छवि बदन कमल सोहे।
मंद हँसत करुणामयी त्रिभुवन मैं मोहे।।
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता।।

स्वर्ण सिंहासन बैठी, चवर धुरे प्यारे।
धुप डीप मधु मेवा भोग धरे न्यारे।।
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता।। 

गुड़ अरु चना परम प्रिय, तामे संतोष कियो। 
संतोषी कहलाई, भक्तन वैभव दियो।।
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता ।।

शुक्रवार प्रिय मानत आज दिवस सोही। 
भक्त मंडली छाई, कथा सुनत मोहि।।
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता।।

मंदिर जगमग ज्योति, मंगल ध्वनि छाई।
विनय करे हम बालक,चरनन सर नाई।।
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता।।

भक्ति भावमय पूजा, अंगीकृत कीजै।
जो मैं बसे हमारे, इच्छा फल दीजै ।।
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता।।

दुखी दरिद्री रोगी संकट मुक्त किए।
बहु धन धन्य भरे, घर सुख सौभाग्य दिए।।
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता।।

ध्यान धर्यो जिस जान ने, मनवांछित फल पायो।
पूजा कथा श्रवण कर, घर आनंद आयो।।
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता।।

शरण  गहे की लज्जा, रखियो जगदम्बे।
संकट तू ही निवारे, दयामयी आंबे।।
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता।।

संतोषी माँ की आरती, जो कोई नर गावे।
रिद्धि सिद्धि सुख सम्पति जी भरकर पावे ।।
जय संतोषी माता, मैया जय संतोषी माता।।


Also Read:


Santoshi Mata Ki Aarti

Conclusion:

हेलो फ्रेंड्स मैं आशा करता हूँ की आपको मेरी पोस्ट श्री संतोषी माता आरती इन हिंदी अच्छी लगी होगी यदि आपका मेरी पोस्ट्स से लेकर कोई सवाल है तो आपका कमेंट बॉक्स मैं पूछ सकते हैं।